एसआईआर प्रक्रिया के बीच तुगलकी फरमान से हड़कंप, आमजन को भरना पड़ेगा ख़मियाज़ा

हरिद्वार। प्रदेशभर में सुचारू रूप से चल रही विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) प्रक्रिया के बीच शुक्रवार को एक तुगलकी फरमान ने आमजन के बीच हड़कंप की स्थिति पैदा कर दी है। अब तक निर्धारित कार्यक्रम के अनुसार एसआईआर का कार्य 7 जुलाई तक पूरा किया जाना था, लेकिन शुक्रवार को विभागीय स्तर पर मौखिक रूप से इसे 4 जुलाई तक हर हाल में पूरा करने के निर्देश दिए जाने की जानकारी सामने आई है। हालांकि देखने में यह भी आया है कई जगहों पर अभी तक एसआईआर प्रक्रिया अभी तक आधा भी नही हो पाई है। ऐसे अधिकारियों के कार्य समेटने वाले आदेश ने आम जनता के बीच अफ़रा तफ़री मचा दी है।

बीएलओ के अनुसार वे पिछले कई दिनों से दिन-रात मेहनत कर जनता के साथ समन्वय बनाते हुए अधिक से अधिक लोगों के फॉर्म भरवाने में जुटे हुए हैं, ताकि एसआईआर प्रक्रिया को शत-प्रतिशत पूरा किया जा सके। ऐसे समय में अचानक समय-सीमा कम किए जाने के निर्देशों ने उनके मनोबल को प्रभावित किया है।

बीएलओ का कहना है कि अभी भी कई ऐसे मतदाता हैं जिनके फॉर्म नहीं भर पाए हैं। इसकी एक बड़ी वजह यह भी है कि स्कूलों की छुट्टियां समाप्त होने के बाद अनेक परिवार अपने बच्चों के साथ बाहर गए हुए थे और अब धीरे-धीरे वापस लौट रहे हैं। इसके अलावा हज यात्रा पर गए काफी लोग भी अभी हाल ही में लौटे हैं या लौट रहे हैं, जिसके कारण उनके फॉर्म भरवाना संभव नहीं हो पाया है।

कुछ बीएलओ ने जब अधिकारियों के समक्ष यह स्थिति रखी कि अनेक लोगों के फॉर्म अभी शेष हैं, तो उन्हें ऐसे मामलों को छोड़ देने तक की बात कही गई। इसको लेकर बीएलओ में असंतोष देखा जा रहा है। उनका कहना है कि अचानक बदली गई समय-सीमा के कारण न केवल उनके कार्य पर अतिरिक्त दबाव बढ़ा है, बल्कि पात्र मतदाताओं के फॉर्म छूट जाने की आशंका भी बढ़ गई है।



