आईजी राजीव स्वरूप के सख्त तेवर: गढ़वाल में लापरवाही पर जीरो टॉलरेंस, पुलिसिंग में बड़ा बदलाव तय

देहरादून। गढ़वाल परिक्षेत्र में कानून-व्यवस्था को लेकर अब सख्ती का दौर शुरू हो गया है। पुलिस महानिरीक्षक गढ़वाल रेंज राजीव स्वरूप ने साफ कर दिया है कि अब लापरवाही किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

शनिवार को देहरादून में आयोजित एक अहम बैठक में आईजी ने एसएसपी देहरादून समेत जिले के सभी राजपत्रित अधिकारियों और थाना प्रभारियों के साथ कानून-व्यवस्था की गहन समीक्षा की। इस दौरान उन्होंने अधिकारियों को दो टूक संदेश दिया कि अपराध नियंत्रण में ढिलाई बरतने वालों पर सख्त अनुशासनात्मक कार्रवाई तय है।
आईजी ने कहा कि पुलिस की मौजूदगी सिर्फ कागजों में नहीं, बल्कि सड़कों पर दिखनी चाहिए। आम जनता को सुरक्षा का एहसास हो और अपराधियों में डर पैदा हो—इसी लक्ष्य के साथ काम करना होगा।
बैठक में ऑपरेशन प्रहार को प्रभावी तरीके से लागू करने के निर्देश दिए गए। इसके तहत अपराधियों पर निरोधात्मक कार्रवाई तेज की जाएगी। रात के समय पुलिस गश्त बढ़ाने, सुनसान इलाकों में चीता मोबाइल की सक्रियता बनाए रखने और संदिग्ध व्यक्तियों व वाहनों की लगातार चेकिंग करने पर जोर दिया गया।
आईजी ने स्कूल समय और मॉर्निंग-इवनिंग वॉक के दौरान पुलिस की मौजूदगी सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए, ताकि बच्चों और आमजन के बीच विश्वास कायम हो सके। इसके साथ ही पूरे शहर में सीसीटीवी नेटवर्क को और मजबूत करने, सत्यापन अभियान को व्यापक स्तर पर चलाने और एक भी क्षेत्र को इससे अछूता न छोड़ने की हिदायत दी गई।
भू-माफियाओं, पेशेवर अपराधियों और अवैध कारोबार में लिप्त बड़े चेहरों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश देते हुए आईजी ने कहा कि ऐसे तत्वों को चिन्हित कर सलाखों के पीछे भेजा जाए।
यातायात व्यवस्था को लेकर भी आईजी ने सख्त रुख अपनाते हुए राजपत्रित अधिकारियों को खुद फील्ड में उतरकर ड्यूटी का निरीक्षण करने और शहर के बॉटलनेक प्वाइंट्स खत्म करने के निर्देश दिए।
सोशल मीडिया पर भ्रामक खबरें फैलाने वालों पर पैनी नजर रखने और साइबर सेल को और अधिक मजबूत व हाईटेक बनाने पर भी विशेष जोर दिया गया।



